June 20, 2021
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विश्व आदिवासी दिवस के दिन आदिवासी युवक-युवतियाँ लौटे समाज की मुख्य धारा में

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जिया न्यूज़:-बब्बी शर्मा-कोण्डागाँव,

कोण्डागाँव:-विश्व आदिवासी दिवस के दिन भटके हुए आदिवासी युवक-युवतियों ने समाज की मुख्य धारा में लौटने का निश्चय कर कोण्डागाँव जिले के पुलिस कप्तान सिद्धार्थ तिवारी के समक्ष आत्मसमर्पण किया
पुलिस अधीक्षक कार्यालय से प्राप्त जानकारी अनुसार छत्तीसगढ़ शासन की नीतियों एवं विकास कार्य के प्रभाव से तथा क्षेत्र में सुरक्षा बलों के नक्सल विरोधी अभियान के बढ़ते दबाव से नक्सलियों का जनाधार कमजोर हुआ है, इसलिए अब नक्सली आम ग्रामीणों को बलपूर्वक दबा कर नवयुवक एवं नवयुवतियों को जबरदस्ती अपने साथ शामिल करने का प्रयास कर रहे है़ंं,इसी प्रकार का एक मामला थाना धनोरा क्षेत्र के नक्सल प्रभावित अंचल में बसे ग्राम माडगांव का सामने आया है। पिछले माह थाना धनोरा क्षेत्र के ग्राम माडगांव से दो युवक एवं दो युवतियों को बलपूर्वक व ग्रामवासियों को धमकाकर नक्सली दलम में शामिल करने के उद्देश्य से “किसकोडो दलम” के नक्सली ले गये थे।
चारोंं युवक/युवतियों ने नक्सलियों के विचारों से विमुख होकर एवं समाज की मुख्य धारा में जुड़ने का निर्णय लिया व अपने ग्राम माडगांव वापस आ गये, ग्राम के अन्य रहवासियों की मदद से इन्हें ने कोण्डागांव पुलिस अधिक्षक के समक्ष आत्मसमर्पण किया।
पूछताछ के दौरान इन चारों ने खुलासा किया कि इन चारोंं को गत् माह 12 जुलाई को ग्राम माड़गांव से नक्सली किसकोडो एलजीएस कमांडर लखमू एवं अन्य 07 नक्सली गांव से बलपूर्वक धमकाकर अपने साथ ले गये थे तथा इस दौरान उन्हें हथियार चलाने, बम बनाने एवं अन्य नक्सल संबंधित प्रशिक्षण दिया गया व अपने साथ रख कर इनके जहन में नक्सल संबंधी भडकाऊ वीडियों, साहित्य इत्यादि के माध्यम से नक्सली विचार धारा के प्रभाव में लाकर अपने साथ शामिल करने का प्रयास किया परन्तु शासन की नीतियों एवं विकास कार्यो से प्रभावित होकर इन नौजवानों ने नक्सलियों का साथ छोड़कर समाज की मुख्य धारा में शामिल होने का निर्णय लिया और आश्वासान दिया कि पुनः नक्सलियों का साथ नहीं देगें तथा सभी अपने गांव में रहकर गांव के विकास में भागीदार बनेंगे।
इन के द्वारा माओवादियों के संबंध में महत्वपूर्ण सूचनाए भी दी गयी.नक्सलियों की इस करतूत से यह स्पष्ट है कि जिन ग्रामीण नौजवानों के हाथ में “हल या कलम” होनी चाहिए,जिन्हें समाज की मुख्य धारा में रहकर अपने गांव और अपने लोगों के बेहतर जीवन के लिए कार्य करना चाहिए, नक्सली उन्हें धमकाकर जबरदस्ती हथियार पकड़ाकर अपने साथ शामिल करने की कोशिश में हैं।
इस मौके पर कोण्डागांव पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी (भा.पु.से.) ने नक्सलवाद की राह में भटके हुए साथियों से यह अपील की है कि नक्सलवाद को किसी भी स्वरूप में बढ़ावा न दें तथा शासन और समाज की मुख्य धारा में शामिल होकर आत्मसमर्पण एवं पुनावास नीति से लाभान्वित होवें तथा इसी तारतम्य में कोण्डागांव पुलिस द्वारा दो युवक एवं दो युवतियों कुल चार निवासी माडगांव को उनके इस सराहनीय कदम हेतु प्रत्येक को 10,000/- रूपये की प्रोत्सहान राशी भी प्रदाय की गई है। इस अभियान में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कोण्डागांव अनंत कुमार साहू के मार्गदर्शन में अनुविभागीय अधिकारी पुलिस केशकाल अमित पटेल, उप पुलिस अधीक्षक (आप्स) दीपक मिश्रा, थाना प्रभारी धनोरा रमेश शोरी, थाना प्रभारी केशकाल भीमसेन यादव एवं अन्य स्टाफ भी सक्रिय भूमिका में रहे।

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